प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना से गर्भवती महिलाओ को मिलेगा 6000 रुपये ,जाने पूरी जानकारी

देश की गर्भवती महिलाओं तथा उसके होने वाले बच्चे को सही पोषण युक्त आहार मिले जिसके लिए भारत सरकार ने प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (PMMVY) की शुरुआत की है। इस योजना के तहत सरकार गर्भ धारण करने वाली महिलाओं को 6000 की आर्थिक सहायता प्रदान करती है। अगर आपके घर में भी कोई गर्भवती महिला है, जिसे आप इस योजना का लाभ दिलाना चाहते हैं।तो हमारे इस आर्टिकल को पूरा पढ़ें. आगे हम आपको प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना का आवेदन फॉर्म भरने की पूरी प्रक्रिया बताएंगे।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना का उद्देश्य

हमारे देश में कई सारी ऐसी महिलाएं हैं, जो कमजोर आर्थिक स्थिति के कारण गर्भावस्था के दौरान पौष्टिक आहार नहीं ले पाती हैं।सही खानपान न होने का बुरा प्रभाव महिला के साथ-साथ उसके गर्भ में पल रहे बच्चे पर भी पड़ता है। इस वजह से अक्सर गर्भपात होने अथवा शारीरिक या मानसिक रूप से कमजोर बच्चा पैदा होने का खतरा बना रहता है। कई बार सही पोषण न मिलने के कारण माता की भी मृत्यु का खतरा होता है।

इन्हीं सब समस्याओं को देखते हुए प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने वर्ष 2017 में PM मातृत्व वंदना योजना की शुरुआत की थी। इस योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवार की गर्भवती महिलाओं को सही खानपान के लिए आर्थिक सहायता प्रदान करना है, ताकि जच्चा-बच्चा दोनों स्वस्थ रहे।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना के लाभार्थी के लिए आवश्यक शर्ते / लाभार्थी चयन प्रक्रिया

लाभार्थी वर्ग
सामान्य ,अन्य पिछड़ी जाति ,अनुसूचित जाति ,अनुसूचित जनजाति

  • गर्भवती होने के बाद जितनी जल्दी हो सके, आगनबाडी केंद्र में अपना पंजीयन कराये।
  • बैंक या डाकघर में अपना बचत खाता खोले एव उसे अपने आधार नम्बर से जोड़े/लिंक करे।
  • आगनबाडी कार्यकर्त्ता अथवा ए. एन. एम्. द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवाओ की मांग करे।
  • आगनबाडी केंद्र में आयोजित होने वाले मंगल दिवस (गोद भराई ,अन्नप्राशन एव सुपोषण दिवस ) कार्यक्रमों में नियमित भागीदारी कर पोषण एव स्वास्थ्य संबंधी जानकारिया प्राप्त करे ।
  • यह सुनिश्चित करे की आपको दी गई सेवाओ एव सलाह को मातृ शिशु सुरक्षा कार्ड (MCP card) में दर्ज किया गया है ।

राशि भुगतान की प्राक्रिया– पात्र हितग्राही को मजदूरी हानि की आंशिक क्षतिपूर्ति के रूप में मातृत्व लाभ की राशी का भुगतान DBT स्कीम के माध्यम से हितग्राही के आधार से जुड़े /लिंक बैंक या डाकघर खाते में सीधे जमा की जावेगी ।

मातृ वंदना योजना आवेदन करने प्रक्रिया

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना का लाभ लेने के आप  ऑफलाइन आवेदन कर सकते है।

ऑफलाइन आवेदन जमा करें के आपको नीचे बातये गये सभी चरणों को ध्यानपूर्वक पढ़ना होगा

  • गर्भवती होने के बाद जितनी जल्दी हो सके, आगनबाडी केंद्र में अपना पंजीयन कराये।
  • बैंक या डाकघर में अपना बचत खाता खोले एव उसे अपने आधार नम्बर से जोड़े/लिंक करे ।
  • आगनबाडी कार्यकर्त्ता अथवा ए. एन. एम्. द्वारा प्रदान की जाने वाली सेवाओ की मांग करे ।
  • आगनबाडी केंद्र में आयोजित होने वाले मंगल दिवस (गोद भराई ,अन्नप्राशन एव सुपोषण दिवस ) कार्यक्रमों में नियमित भागीदारी कर पोषण एव स्वास्थ्य संबंधी जानकारिया प्राप्त करे ।
  •  यह सुनिश्चित करे की आपको दी गई सेवाओ एव सलाह को मातृ शिशु सुरक्षा कार्ड (MCP card) में दर्ज किया गया है ।
  • राशि भुगतान की प्राक्रिया- पात्र हितग्राही को मजदूरी हानि की आंशिक क्षतिपूर्ति के रूप में मातृत्व लाभ की राशी का भुगतान DBT स्कीम के माध्यम से हितग्राही के आधार से जुड़े /लिंक बैंक या डाकघर खाते में सीधे जमा की जावेगी ।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना अनुदान /ऋण /वित्तीय सहायता /पेंशन/लाभ की राशि कब और कितनी मिलेगी

 प्रथम किश्त राशि- 1000 रू.

  •  हितग्राही का आगनबाडी केंद्र में पंजीयन।
  • हितग्राही द्वारा स्वय के एव पति के आधार कार्ड का विवरण ।
  • हितग्राही द्वारा लिखित सहमति उपलब्ध कराना|
  •  हितग्राही द्वारा स्वय /पति/पारिवारिक सदस्य का मोबाइल नम्बर ।
  • हितग्राही द्वारा स्वय के बैंक या डाकघर खाते का विवरण ।

द्वितीय किश्त- राशि 2000 रू.

गर्भावस्था के 06 माह के अन्दर कम से कम एव बार प्रसव पूर्व जाँच होने पर |

तृतीय किश्त- राशि 2000 रू.

बच्चे के जन्म का पंजीकरण होने पर ।

बच्चे के प्रथम चक्र का टीकाकरण पूर्व होने पर | (बीसीजी, ओपीव्ही, डीपीटी एव हेपिटाईटस –बी अथवा समतुल्य)

आखरी क़िस्त- 1000 रुपये की सरकार बच्चे के जन्म के समय अस्पताल में प्रदान की जाती है।

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